Reliance retail vs Consumer: बिल में 5 रूपए ज्यादा लिया तो मुकेश अंबानी के रिलायंस रिेटेल से भिड गया ग्राहक, उपभोक्ता फोरम ने रिलायंस को लगाई लताड, युवक को कंपनी देगा 6 हजार रूपए

समाचार डेस्क।  छत्तीसगढ के रायगढ जिले  एक ऐसा मामला सामने आया जिसने यह साबित कर दिया कि उपभोक्ता का अधिकार चाहे 5 रुपए का ही क्यों न हो, उसकी रक्षा के लिए कानून मौजूद है। रिलायंस स्मार्ट बाजार, जो देश की प्रमुख रिटेल चेन में से एक है, को महज 5 रुपए ज्यादा वसूलने के मामले में जिला उपभोक्ता फोरम ने दोषी पाया और 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। यह केस Consumer Protection Act 2019 और Legal Metrology Act 2009 के तहत उपभोक्ता अधिकारों की मजबूती को दर्शाता है।

रिलायंस रीटेल के खिलाफ ग्राहक ने केस किया।
रिलायंस रिटेल से 5 रुपए के लिए लड़ा युवक।

घटना की शुरुआत


तारीख: 17 अप्रैल 2025
स्थान: रिलायंस रिटेल लिमिटेड, पुलिस लाइन गौशाला रोड, रायगढ़
शिकायतकर्ता: सुरेश सिंह, कृष्णा डायमंड हिल्स, रायगढ़
खरीदारी राशि: ₹4,155

सुरेश सिंह, जो पेशे से सेवानिवृत्त वैज्ञानिक हैं, रोजमर्रा का सामान खरीदने के लिए रिलायंस स्मार्ट बाजार गए। उन्होंने कुल ₹4,155 का सामान खरीदा, जिसमें कई घरेलू और खाद्य उत्पाद शामिल थे। इनमें से एक उत्पाद था – Good Life Poha Super Fine।

इस पैकेट पर साफ लिखा हुआ था – MRP 75 रुपए।
लेकिन जब बिलिंग हुई, तो 80 रुपए वसूले गए।

सुरेश सिंह ने ऑनलाइन भुगतान किया। उन्होंने तुरंत ही स्टोर को ईमेल कर यह बताया कि MRP से अधिक वसूली हुई है, लेकिन स्टोर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।

शिकायत का विवरण
नाराज होकर सुरेश सिंह ने जिला उपभोक्ता फोरम रायगढ़ में परिवाद दायर किया।
शिकायतकर्ता ने अपनी याचिका में कहा:
1. उन्हें 5 रुपए अधिक वसूले गए।
2. इस वसूली से मानसिक पीड़ा और उत्पीड़न हुआ।
3. उन्होंने वाद व्यय और मुआवजे के लिए 2 लाख की मांग की।
इस मामले ने यह स्पष्ट किया कि उपभोक्ता चाहे छोटी रकम का ही क्यों न हो, उसका अधिकार कानून द्वारा सुरक्षित है।

कंपनी का पक्ष

Reliance Retail Limited ने उपभोक्ता फोरम में जवाब दिया:
यह technical glitch (तकनीकी खराबी) की वजह से हुआ।
उपभोक्ता को ईमेल में apologize किया गया और अंतर की राशि लौटाने की पेशकश की गई।
दावा किया कि शिकायतकर्ता स्टोर में वापस नहीं आए और सीधे उपभोक्ता फोरम में मामला दर्ज कर दिया।
कंपनी ने कहा कि 2 लाख रुपए मुआवजे की मांग लालचपूर्ण है।

उपभोक्ता फोरम की सुनवाई

फोरम की बेंच में शामिल थे:

छमेश्वर लाल पटेल (अध्यक्ष)

राजेंद्र कुमार पांडेय (सदस्य)

राजी अग्रवाल (सदस्य)

सुनवाई में दोनों पक्षों को सुना गया और निर्णय सुरक्षित रूप से लिया गया।

आदेश:
ग्राहक को ₹5 की वापसी।
मानसिक पीड़ा के लिए ₹5,000।
वाद व्यय के लिए ₹1,000।
भुगतान की अवधि: 45 दिन।
भविष्य में ऐसी गलती दोबारा न करने की चेतावनी।

कानूनी पहलू

1. Consumer Protection Act, 2019
यह कानून उपभोक्ता को सुरक्षा, सूचना, न्याय और शिक्षा के अधिकार देता है।
धारा 2(47): अनैतिक और अनुचित व्यापारिक प्रथाओं (Unfair Trade Practices) पर कार्रवाई।
उदाहरण: MRP से अधिक वसूली करना गैरकानूनी है।
2. Legal Metrology Act, 2009
पैकेज्ड उत्पादों पर अंकित MRP से अधिक वसूली करना प्रतिबंधित।
उल्लंघन पर जुर्माना और लाइसेंस रद्द हो सकता है।

उपभोक्ता अधिकार
1. Right to be Protected – अनुचित व्यापारिक प्रथाओं से सुरक्षा।
2. Right to be Informed – उत्पाद की सही जानकारी और मूल्य।
3. Right to Seek Redressal – शिकायत और मुआवजा पाने का अधिकार।
4. Right to Consumer Education – उपभोक्ता अपने अधिकारों से अवगत हो।

शिकायत कैसे करें

1. बिल/रसीद संभालें।
2. पहले स्टोर/कंपनी को लिखित शिकायत करें।
3. जवाब न मिलने पर जिला उपभोक्ता फोरम में शिकायत दर्ज करें।
4. ऑनलाइन पोर्टल: https://consumerhelpline.gov.in
5. हेल्पलाइन: 1800-11-4000
6. NCH Mobile App से शिकायत दर्ज कर सकते हैं।

आंकड़े (Consumer Affairs Ministry 2024 रिपोर्ट)

हर साल 3 लाख से अधिक शिकायतें दर्ज होती हैं।
इनमें से 18% एमआरपी और ओवरचार्जिंग से जुड़ी होती हैं।
रिटेल और ई-कॉमर्स सेक्टर से शिकायतें 30% बढ़ी हैं।
2024 में उपभोक्ता फोरम्स ने ₹200 करोड़ से अधिक का मुआवजा उपभोक्ताओं को दिलवाया।

क्यों महत्वपूर्ण है यह केस
रिलायंस जैसी बड़ी कंपनी को भी उपभोक्ता के सामने झुकना पड़ा।
यह केस दिखाता है कि India में Consumer Protection Law काफी मजबूत है।
छोटे मामलों में भी उपभोक्ता अपनी आवाज उठा सकते हैं।

निष्कर्ष
यह मामला दिखाता है कि उपभोक्ता ही बाजार का असली राजा है।
चाहे मामला 5 रुपए का हो या 5 हजार का, अगर कंपनी गलती करती है तो कानून कार्रवाई करेगा।हर उपभोक्ता को अपने कानूनी अधिकारों की जानकारी होनी चाहिए।
सीख: गलत बिलिंग या ओवरचार्जिंग पर तुरंत कार्रवाई करें।

सुझाव: खरीदारी के बिल और पैकेजिंग की जांच करें और किसी भी अनियमितता पर शिकायत करें।
Reliance Smart Bazaar पर 5 रुपए ज्यादा वसूली का केस, Consumer Forum ने 5 हजार का जुर्माना लगाया

Reliance Smart Bazaar पर 5 रुपए ज्यादा वसूली का केस, Consumer Forum ने 5 हजार का जुर्माना लगाया

रायगढ़ (छत्तीसगढ़)। उपभोक्ता फोरम ने बड़ा फैसला सुनाते हुए Reliance Smart Bazaar पर 5 रुपए की अतिरिक्त वसूली के मामले में ₹5,000 का जुर्माना लगाया है। यह केस उपभोक्ता अधिकार और Consumer Protection Act 2019 की ताकत को दिखाता है।

📌 घटना कैसे शुरू हुई?

तारीख 17 अप्रैल 2025। कृष्णा डायमंड हिल्स रायगढ़ निवासी सुरेश सिंह ने Reliance Retail Limited, पुलिस लाइन गौशाला रोड शाखा से 4,155 रुपए का सामान खरीदा।

इनमें Good Life Poha Super Fine पैकेट भी शामिल था जिसकी MRP 75 रुपए थी। लेकिन बिल में 80 रुपए वसूले गए।

📝 शिकायत और केस

सुरेश सिंह ने कंपनी को मेल द्वारा शिकायत की लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने जिला उपभोक्ता फोरम रायगढ़ में परिवाद दायर किया।

  • 5 रुपए की वापसी
  • मानसिक पीड़ा और उत्पीड़न पर ₹2 लाख मुआवजा
  • वाद व्यय की भरपाई

🏢 कंपनी का पक्ष

Reliance Retail Limited ने कहा कि:

  • यह केवल technical glitch था।
  • ईमेल में apologize कर अंतर की राशि लौटाने की पेशकश की गई।
  • शिकायतकर्ता खुद स्टोर नहीं आए और सीधे फोरम में केस कर दिया।

⚖️ उपभोक्ता फोरम का फैसला

अध्यक्ष छमेश्वर लाल पटेल, सदस्य राजेन्द्र कुमार पांडेय और राजी अग्रवाल ने आदेश दिया:

  • 5 रुपए की वापसी
  • मानसिक क्षतिपूर्ति ₹5,000
  • वाद व्यय ₹1,000
  • भुगतान 45 दिनों के भीतर
  • भविष्य में ऐसी गलती न दोहराने की चेतावनी

📜 कानून और उपभोक्ता अधिकार

यह केस Consumer Protection Act 2019 और Legal Metrology Act 2009 के तहत आता है।

उपभोक्ता अधिकार:

  • Right to be Protected – गलत प्रैक्टिस से सुरक्षा
  • Right to be Informed – MRP और प्रोडक्ट की जानकारी
  • Right to Seek Redressal – शिकायत और मुआवजा पाने का हक
  • Right to Consumer Education – उपभोक्ता को अधिकारों की जानकारी

☎️ शिकायत कैसे करें?

  • National Consumer Helpline: 1800-11-4000
  • SMS: 14404
  • Website: consumerhelpline.gov.in
  • NCH Mobile App
  • जिला उपभोक्ता फोरम में लिखित परिवाद

💡 बड़ा संदेश

यह केस केवल 5 रुपए का था, लेकिन यह दिखाता है कि उपभोक्ता का हर अधिकार मायने रखता है। बड़ी कंपनियां भी कानून से ऊपर नहीं हैं।

Reliance Smart Bazaar fined for MRP violation by Consumer Forum Raigarh Consumer Protection Act 2019 case against Reliance Retail for overcharging Raigarh District Consumer Forum judgement on MRP fraud Poha case

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